Sunday, February 5, 2012

सारा जहाँ राज़दार अपना है

तू पास भी हो तो दिल बेक़रार अपना है

कि हमको तेरा नहीं इंतज़ार अपना है

मिले कोई भी तेरा ज़िक्र छेड़ देते हैं

कि जैसे सारा जहाँ राज़दार अपना है - अहमद फ़राज़

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