मैं तो लफ़्ज़ों से ख्वाब लिखता हूँ
स्याही से आफताब लिखता हूँ
स्याही से आफताब लिखता हूँ
वक़्त कर ले सवाल जितने भी
लहू से मैं जवाब लिखता हूँ
लहू से मैं जवाब लिखता हूँ
खोल कर पढेंगे आप कल जिसको
ज़िन्दगी की किताब लिखता हूँ
ज़िन्दगी की किताब लिखता हूँ
एक एक ईंट मेरी मेहनत की है
पसीने से हिसाब लिखता हूँ
पसीने से हिसाब लिखता हूँ
बदलेगा कल मुझे बदलने वाला
चुप से मैं इन्कलाब लिखता हूँ
चुप से मैं इन्कलाब लिखता हूँ
इतना आसान नहीं इन्हें दबा देना
थोड़ा लिखता हूँ मगर लाजवाब लिखता हूँ
थोड़ा लिखता हूँ मगर लाजवाब लिखता हूँ
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